blogid : 19157 postid : 1196004

शिवपुराण : अगर अनुभव हो ये 12 संकेत तो समझेंं मौत करीब है

Posted On: 29 Jun, 2016 Religious में

  • SocialTwist Tell-a-Friend

कहते हैं मृत्यु एक ऐसा शाश्वत सत्य है जिसे कोई नहीं बदल सकता बल्कि नियति भी किसी मनुष्य की मृत्यु चाहकर भी नहीं टाल सकती. इस संसार में जिसने जन्म लिया है उसकी मृत्यु होनी ही है. मनुष्य के रूप में अवतरित हुए भगवान भी मृत्यु से बच नहीं सके. जीवन अस्थायी है, इसके बारे में कहा नहीं जा सकता कि कब किस इंसान की मृत्यु हो जाए. लेकिन शिवपुराण में ऐसे कई संकेत वर्णित है जिससे मृत्यु का अंदेशा लगाया जा सकता है. तो आइए, हम आपको बताते हैं शिवपुराण में उल्लेखित मृत्यु से जुड़े हुए 12 संकेत.


shivpuran


1. शिवपुराण के अनुसार जिस मनुष्य को ग्रहों के दर्शन होने पर भी दिशाओं का ज्ञान न हो, मन में बैचेनी छाई रहे, तो उस मनुष्य की मृत्यु 6 महीने में हो जाती है.

2. जिस व्यक्ति को अचानक नीली मक्खियां आकर घेर लें. उसकी आयु एक महीना ही शेष जाननी चाहिए.

3. शिवपुराण में भगवान शिव ने बताया है कि जिस मनुष्य के सिर पर गिद्ध, कौवा अथवा कबूतर आकर बैठ जाए, वह एक महीने के भीतर ही मर जाता है. ऐसा शिवपुराण में बताया गया है.

4. यदि अचानक किसी व्यक्ति का शरीर सफेद या पीला पड़ जाए और लाल निशान दिखाई दें तो समझना चाहिए कि उस मनुष्य की मृत्यु 6 महीने के भीतर हो जाएगी. जिस मनुष्य का मुंह, कान, आंख और जीभ ठीक से काम न करें. शिवपुराण के अनुसार उसकी मृत्यु 6 महीने के भीतर हो जाती है.



dreams


5. जिस मनुष्य को चंद्रमा व सूर्य के आस-पास का चमकीला घेरा काला या लाल दिखाई दे, तो उस मनुष्य की मृत्यु 15 दिन के अंदर हो जाती है. अरूंधती तारा व चंद्रमा जिसे न दिखाई दे अथवा जिसे अन्य तारे भी ठीक से न दिखाई दें, ऐसे मनुष्य की मृत्यु एक महीने के भीतर हो जाती है.

6. त्रिदोष (वात, पित्त, कफ) में जिसकी नाक बहने लगे, उसका जीवन पंद्रह दिन से अधिक नहीं चलता. यदि किसी व्यक्ति के मुंह और कंठ बार-बार सूखने लगे तो यह जानना चाहिए कि 6 महीने बीत-बीतते उसकी आयु समाप्त हो जाएगी.

7. जब किसी व्यक्ति को जल, तेल, घी तथा दर्पण में अपनी परछाई न दिखाई दे, तो समझना चाहिए कि उसकी आयु 6 माह से अधिक नहीं है. जब कोई अपनी छाया को सिर से रहित देखे अथवा अपने को छाया से रहित पाए तो ऐसा मनुष्य एक महीने भी जीवित नहीं रहता.


deer


Read : चाणक्य नीति : इस कारण से नहीं करना चाहिए सुंदर स्त्री से विवाह, जानें ऐसी 4 बातें

8. जब किसी मनुष्य का बायां हाथ लगातार एक सप्ताह तक फड़कता ही रहे, तब उसका जीवन एक मास ही शेष है, ऐसा जानना चाहिए. जब सारे अंगों में अंगड़ाई आने लगे और तालू सूख जाए, तब वह मनुष्य एक मास तक ही जीवित रहता है.

9. जिस मनुष्य को ध्रुव तारा अथवा सूर्यमंडल का भी ठीक से दर्शन न हो. रात में इंद्रधनुष और दोपहर में उल्कापात होता दिखाई दे तथा गिद्ध और कौवे घेरे रहें तो उसकी आयु 6 महीने से अधिक नहीं होती.

10. जो मनुष्य अचानक सूर्य और चंद्रमा को राहू से ग्रस्त देखता है (चंद्रमा और सूर्य काले दिखाई देने लगते हैं) और संपूर्ण दिशाएं जिसे घुमती दिखाई देती हैं, उसकी मृत्यु 6 महीने के अंदर हो जाती है.

11. शिवपुराण के अनुसार जो व्यक्ति हिरण के पीछे होने वाली शिकारियों की भयानक आवाज को भी जल्दी नहीं सुनता, उसकी मृत्यु 6 महीने के भीतर हो जाती है. जिसे आकाश में सप्तर्षि तारे न दिखाई दें, उस मनुष्य की आयु भी 6 महीने ही शेष समझनी चाहिए.

12. शिवपुराण के अनुसार जिस व्यक्ति को अग्नि का प्रकाश ठीक से दिखाई न दे और चारों ओर काला अंधकार दिखाई दे तो उसका जीवन भी 6 महीने के भीतर समाप्त हो जाता है…Next


Read more

भगवान शिव क्यों लगाते हैं पूरे शरीर पर भस्म, शिवपुराण की इस कथा में छुपा है रहस्य

अपनी पुत्री पर ही मोहित हो गए थे ब्रह्मा, शिव ने दिया था भयानक श्राप

क्यों शिव मंदिर में गर्भगृह के बाहर ही विराजमान होते हैं नंदी?



Tags:                       

Rate this Article:

1 Star2 Stars3 Stars4 Stars5 Stars (No Ratings Yet)
Loading ... Loading ...

1 प्रतिक्रिया

  • SocialTwist Tell-a-Friend

Post a Comment

CAPTCHA Image
*

Reset

नवीनतम प्रतिक्रियाएंLatest Comments

Foge के द्वारा
July 11, 2016

Hey girl! Your blog is looking fabulous these days!I love the day of the dead because I usually get lots of presents and cake. It&;2817#s also my birthday


topic of the week



अन्य ब्लॉग

latest from jagran